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जहां खुद प्रकट हुई थीं मूर्तियां श्रीगणेश के ऐसे 8 मंदिर

जहां खुद प्रकट हुई थीं मूर्तियां श्रीगणेश के ऐसे 8 मंदिर

महाराष्ट्र में भगवान गणेश के कई प्रसिद्ध मंदिर हैं, जिनमें गणेशजी के अष्टविनायक मंदिर भी शामिल हैं। गणपति उपासना के लिए महाराष्ट्र के अष्टविनायक का विशेष महत्व माना जाता है। इन मंदिरों के संबंध में मान्याता है कि यहां विराजित गणेश प्रतिमाएं खुद प्रकट हुई हैं। जानें भगवान गणेश के प्रसिद्ध अष्टविनायक मंदिरों के बारे में… 1. श्री मयूरेश्वर मंदिर गणपतिजी का यह मंदिर पुणे से 80 किलोमीटर दूरी पर मोरगांव नाम की जगह पर है। मयूरेश्वर मंदिर के चारों कोनों में मीनारें हैं और लंबे पत्थरों की दीवारें हैं। यहां…

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आप भी हनुमान जी के साक्षात दर्शन कर सकते हैं बस पूरी करनी होगी दो शर्ते

आप भी हनुमान जी के साक्षात दर्शन कर सकते हैं बस पूरी करनी होगी दो शर्ते

मंदिर जाकर तो बहुत सारे देवी-देवताओं के दर्शन किए जा सकते हैं लेकिन धरती पर राम भक्त हनुमान जी के दर्शन कभी भी किए जा सकते हैं बस पूरी करनी होगी दो शर्ते। जब श्रीराम भूलोक से बैकुण्ठ को चले गए तो हनुमान जी ने अपना निवास पवित्र और ईश्वरीय कृपा से युक्त स्थान गंधमादन पर्वत को बनाया और आज भी वह वहीं निवास करते हैं। इस बात की पुष्टि श्रीमद् भगावत् पुराण में भी की गई है। पुराणों के अनुसार गंधमादन पर्वत भगवान शिव के निवास कैलाश पर्वत के…

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“लकी” है कौनसा कॅरियर आपके लिए हाथों की लकीरें से जानिए

“लकी” है कौनसा कॅरियर आपके लिए हाथों की लकीरें से जानिए

सामुद्रिकशास्त्र यानी हस्तरेखा विज्ञान से व्यक्ति की हथेली में स्थिति रेखाएं, विभिन्न पर्वत, चिह्न, नाखून, अंगूठे और अंगुलियों की सहायता से व्यक्ति के सम्पूर्ण जीवन के बारे में जाना जा सकता हैं। हस्तरेखा विज्ञान के द्वारा व्यक्ति के कॅरियर के बारे में भी अध्ययन कर यह पता लगाया जा सकता है कि वह भविष्य में किस क्षेत्र में जा सकता है। शिक्षक : जिस व्यक्ति की मस्तिष्क रेखा स्पष्ट, गहरी तथा भाग्य रेखा व सूर्य रेखा भी हो और गुरू पर्वत उभरा हो तो वह शिक्षक बन सकता है। इंजीनियर…

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ये 12 नाम बोलने से चमक सकती है किस्मत हनुमान अष्टमी आज

ये 12 नाम बोलने से चमक सकती है किस्मत हनुमान अष्टमी आज

धर्म ग्रंथों में हनुमानजी के 12 नाम बताए गए हैं। हनुमानजी के इन नामों का जो सोने से पहले व उठने पर या यात्रा शुरू करने से पहले बोलता है, उसकी किस्मत चमक सकती है। हनुमानजी की 12 नामों वाली स्तुति इस प्रकार है- स्तुति हनुमानअंजनीसूनुर्वायुपुत्रो महाबल:। रामेष्ट: फाल्गुनसख: पिंगाक्षोअमितविक्रम:।। उदधिक्रमणश्चेव सीताशोकविनाशन:। लक्ष्मणप्राणदाता च दशग्रीवस्य दर्पहा।। एवं द्वादश नामानि कपीन्द्रस्य महात्मन:। स्वापकाले प्रबोधे च यात्राकाले च य: पठेत्।। तस्य सर्वभयं नास्ति रणे च विजयी भवेत्। राजद्वारे गह्वरे च भयं नास्ति कदाचन।।

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जिनके रहस्य आज भी कोई नहीं जान पाया ऐसे भारत के 7 मंदिर है

जिनके रहस्य आज भी कोई नहीं जान पाया ऐसे भारत के 7 मंदिर है

भारत एक आस्था और विश्वास का देश है। हिंदू धर्म में मंदिर और पूजन का विशेष महत्व माना गया है। कुछ मंदिर ऐसे भी हैं, जो सिर्फ मनोकामना पूरी करने के लिए ही नहीं बल्कि अपनी किसी अनोखी या चमत्कारिक विशेषता के कारण भी जाने जाते हैं। आज हम आपको बताने जा रहे हैं भारत के कुछ ऐसे ही प्राचीन मंदिरों के बारे में जिन से जुड़ी चमत्कारिक बातों को कोई माने या न माने, लेकिन इनकी ये खास विशेषताएं किसी को भी सोचने पर मजबूर कर देती है। 1….

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1 खास नियम पांडवों ने द्रौपदी के लिए बनाया था

1 खास नियम पांडवों ने द्रौपदी के लिए बनाया था

महाभारत के बारे में हम सभी कुछ न कुछ जरूर जानते हैं, लेकिन ये कथा सिर्फ कौरव व पांडवों के युद्ध तक ही सीमित नहीं है। महाभारत की कथा जितनी बड़ी है, उतनी ही रोचक भी है। कौरव व पांडवों के अलावा भी इसमें अनेक राजाओं की रोचक व प्रेरणादायी कहानियां पढ़ने को मिलती हैं। शास्त्रों में महाभारत को पांचवां वेद भी कहा गया है। इसके रचयिता महर्षि कृष्णद्वैपायन वेदव्यास हैं। इस ग्रंथ में कुल एक लाख श्लोक हैं, इसलिए इसे शतसाहस्त्री संहिता भी कहते हैं। आज हम आपको इस…

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ये बड़े काम की 3 बातें मरते वक्त रावण ने लक्ष्मण को बताई थीं

ये बड़े काम की 3 बातें मरते वक्त रावण ने लक्ष्मण को बताई थीं

जिस समय रावण मरणासन्न अवस्था में था, उस समय भगवान श्रीराम ने लक्ष्मण से कहा कि इस संसार से नीति, राजनीति और शक्ति का महान पंडित विदा ले रहा है, तुम उसके पास जाओ और उससे जीवन की कुछ ऐसी शिक्षा ले लो जो और कोई नहीं दे सकता। श्रीराम की बात मानकर लक्ष्मण मरणासन्न अवस्था में पड़े रावण के सिर के नजदीक जाकर खड़े हो गए। रावण ने कुछ नहीं कहा।लक्ष्मणजी वापस रामजी के पास लौटकर आए। तब भगवान ने कहा कि यदि किसी से ज्ञान प्राप्त करना हो…

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हजारों लोग आते हैं पूजा करने चमत्कारिक रूप से अटका है ये पवित्र पत्थर

हजारों लोग आते हैं पूजा करने चमत्कारिक रूप से अटका है ये पवित्र पत्थर

म्यांमार में करीब 25 फीट ऊंचाई का एक ऐसा भारी-भरकम पत्थर है जो अपने से छोटे आकार के पत्थर के तीखे ढाल पर अटका हुआ है। स्थानीय लोग इसे पवित्र मानते हैं और इसकी पूजा करने के लिए श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ती है। इसे गोल्डेन रॉक या क्यैकटियो पगोडा भी कहते हैं। पत्थर के बारे में कहा जाता है कि यह ऐसा है जैसे ग्रैविटी को ललकार रहा हो। यह बर्मा के बुद्धिस्ट लोगों का प्रमुख तीर्थ स्थल भी है। जिस छोटे आकार के पत्थर पर यह टिका हुआ उससे…

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हनुमान जी के इन 5 मंत्रों के जाप से सभी अमंगल कार्य होंगे मंगल

हनुमान जी के इन 5 मंत्रों के जाप से सभी अमंगल कार्य होंगे मंगल

मंगलवार को श्रीहनुमान की उपासना की जाती है। अगर आप अपने जीवन में अमंगल को मंगल करने के लिए सभी प्रयत्न कर चुके और फिर भी कुछ ठीक नहीं हो रहा तो मंगलवार को श्रीहनुमान जी के इन 5 मंत्रों का जाप करें आपके सारे अमंगल कार्य मंगल हो जाएंगे। हिन्दू धर्म में मंगलवार का दिन नाम के अनुसार ही शुभ और मंगलकारी भी माना गया है, क्योंकि धार्मिक दृष्टि से इस दिन कई ऎसे देवताओं की उपासना का दिन है, जिनके आगे काल भी नतमस्तक होता है और उनकी…

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महाभारत ये चार बातें, वहां रहते हैं भगवान

महाभारत ये चार बातें, वहां रहते हैं भगवान

सरलता ही खासियत थी श्रीकृष्ण के प्रिय मित्र सुदामा की भगवान श्रीकृष्ण और सुदामा की दोस्ती एक मिसाल मानी जाती है। भगवान श्रीकृष्ण के प्रिय मित्र सुदामा की सबसे बड़ी खासियत उनकी सरलता ही थी। सुदामा के इसी गुण की वजह से वह श्रीकृष्ण को प्रिय थे। जिस मनुष्य के मन में छल-कपट न हो, जिसका मन साफ हो और जो दूसरों का बुरा कभी न चाहे, ऐसे सरल स्वभाव वाले लोगों से भगवान हमेशा प्रसन्न रहते है। 16 हजार राजकुमारियों की लज्जा देख श्रीकृष्ण ने कर लिया था उनसे…

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