Warning: file_put_contents(): Only 0 of 10 bytes written, possibly out of free disk space in /srv/users/serverpilot/apps/sachchai/public/wp-content/plugins/merge-minify-refresh/merge-minify-refresh.php on line 916

Warning: file_put_contents(): Only 0 of 10 bytes written, possibly out of free disk space in /srv/users/serverpilot/apps/sachchai/public/wp-content/plugins/merge-minify-refresh/merge-minify-refresh.php on line 916

Warning: file_put_contents(): Only 0 of 10 bytes written, possibly out of free disk space in /srv/users/serverpilot/apps/sachchai/public/wp-content/plugins/merge-minify-refresh/merge-minify-refresh.php on line 460

Warning: file_put_contents(): Only 0 of 10 bytes written, possibly out of free disk space in /srv/users/serverpilot/apps/sachchai/public/wp-content/plugins/merge-minify-refresh/merge-minify-refresh.php on line 460
You are here
इस तरह अपने घर बुलाएं हनुमान जी को और होने लगेंगे अनोखे चमत्कार

इस तरह अपने घर बुलाएं हनुमान जी को और होने लगेंगे अनोखे चमत्कार

हनुमान जी के किसी भी चित्र में देखें तो पाएंगे की उनके हाथ में सदा गद्दा और झण्डा रहता है। झण्डे पर लिखा होता है श्रीराम। महाभारत युद्ध के समय हनुमान जी अर्जुन के रथ के झण्डे पर विराजित थे। उन्होंने अजुर्न की पग-पग पर रक्षा करी और उसे विजय दिलवाने में उनका बहुत बड़ा योगदान था। आईए जानें कैसे। शास्त्रनुसार कौरव-पांडव युद्ध के दौरान भगवान श्रीकृष्ण के आदेशानुसार अर्जुन के रथ पर स्वयं पवनपुत्र विराजित हुए। जैसे ही महाभारत युद्ध समाप्त हुआ तभी भीम और दुर्योधन के बीच गद्दा युद्ध प्रारंभ…

Read More
ये हैं रोचक बातें तुलसी ने क्यों दिया था श्रीगणेश को श्राप?

ये हैं रोचक बातें तुलसी ने क्यों दिया था श्रीगणेश को श्राप?

आज गणेश उत्सव का छठा दिन है। आने वाली 27 सितंबर तक भक्त पूरे जोश से भगवान श्रीगणेश की आराधना में जुटे रहेंगे। हिंदू मान्यता के अनुसार किसी भी शुभ कार्य से पहले भगवान श्रीगणेश का पूजन किया जाता है। ये परंपरा पुराने समय से चली आ रही है। भगवान श्रीगणेश का जन्म कैसे हुआ और उनका मस्तक के स्थान पर किस प्रकार हाथी का मस्तक जोड़ा गया आदि बहुत सी बातें आमजन जानते हैं, लेकिन श्रीगणेश के बारे में कुछ बातें ऐसी भी हैं जो बहुत से लोग नहीं…

Read More
12 वर्षो में एक बार खुलता है मंदिर, दर्शन करने पर मिलता है मोक्ष

12 वर्षो में एक बार खुलता है मंदिर, दर्शन करने पर मिलता है मोक्ष

महाराष्ट्र के रामकुंड में मंगलवार को श्री गंगा गोदावरी मंदिर का कपाट 12 वर्षो बाद खुला और इसके साथ ही धरती पर सबसे बड़े धार्मिक समागमों में से एक सिंहस्थ कुंभ मेला नाशिक व त्रयंबकेश्वर में शुरू हो गया। मंदिर 11 अगस्त, 2016 तक खुला रहेगा। मंदिर के कपाट खोलने के बाद पुजारी एस.डब्ल्यू.जादव व अन्य सहयोगियों ने देवी गोदावरी की पूजा-अर्चना की। इस दौरान हजारों श्रद्धालु उपस्थित थे। जादव ने बताया कि यह दुनिया का अपने तरह का पहला ऎसा मंदिर है, जो नासिक में 12 वर्षो के कुंभ…

Read More

Warning: file_put_contents(): Only 0 of 10 bytes written, possibly out of free disk space in /srv/users/serverpilot/apps/sachchai/public/wp-content/plugins/merge-minify-refresh/merge-minify-refresh.php on line 614

Warning: file_put_contents(): Only 0 of 10 bytes written, possibly out of free disk space in /srv/users/serverpilot/apps/sachchai/public/wp-content/plugins/merge-minify-refresh/merge-minify-refresh.php on line 614

Warning: file_put_contents(): Only 0 of 10 bytes written, possibly out of free disk space in /srv/users/serverpilot/apps/sachchai/public/wp-content/plugins/merge-minify-refresh/merge-minify-refresh.php on line 765